अप्रैल के अंतिम सप्ताह में बढ़ी भीषण गर्मी, 44 डिग्री पर पहुंचा तापमान
टाइम्स नाउ मध्य प्रदेश न्यूज़ डेस्क भोपाल
हीट वेव से जनजीवन प्रभावित, बाजारों में ग्राहकी घटी, बसों में सवारियां कम और मोहल्लों में पसरा सन्नाटा
गर्मी ने तोड़ा रिकॉर्ड, 44 डिग्री पहुंचा पारा
अप्रैल माह के समापन के साथ ही क्षेत्र में गर्मी ने एक बार फिर अपना प्रचंड रूप दिखाना शुरू कर दिया है। बीते एक सप्ताह से लगातार बढ़ते तापमान और हीट वेव के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। रविवार इस सीजन का अब तक का सबसे गर्म दिन दर्ज किया गया, जब अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। दिनभर तेज धूप, आग उगलती गर्म हवाएं और झुलसा देने वाली तपिश ने लोगों को घरों में रहने के लिए मजबूर कर दिया। क्षेत्र में दोपहर के समय भट्टी जैसी गर्मी महसूस की जा रही है।

हाट बाजार में ग्राहकी घटी, सड़कों पर कम हुई भीड़
रविवार को शहर में हाट बाजार का दिन होने के बावजूद बाजारों में अपेक्षित भीड़ नजर नहीं आई। दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक प्रमुख बाजारों और मार्गों पर सन्नाटा छाया रहा। पालाबाजार से न्यू हाउसिंग बोर्ड तक लगने वाले बाजार में इस दौरान नाम मात्र की ग्राहकी दिखाई दी। सामान्य दिनों में जहां इस मार्ग पर भीड़ के कारण बाइक निकालना भी कठिन होता है, वहीं इस रविवार चार पहिया वाहन आसानी से गुजरते नजर आए। दुकानदारों ने बताया कि सुबह 11 बजे तक और शाम 4 बजे के बाद ही लोग घरेलू जरूरतों की खरीदी के लिए बाजार पहुंचे। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाली ग्राहकी भी गर्मी के कारण प्रभावित हुई है।

बसों में घटी सवारियां, दिन में कम हो रही आवाजाही
तेज धूप और लू के कारण लोग दिन के समय घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं। इसका असर बस स्टैंड पर भी स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है। बस एजेंटों के अनुसार सुबह 5 बजे से 10 बजे तक बसों में सामान्य सवारियां मिल रही हैं, लेकिन इसके बाद दोपहर 3 बजे तक यात्रियों की संख्या काफी कम हो जाती है। लोग अब सुबह और शाम के समय ही यात्रा करना पसंद कर रहे हैं। दिन के समय सड़कों पर आवाजाही कम होने से गली-मोहल्लों और कॉलोनियों में लॉकडाउन जैसा सन्नाटा देखने को मिल रहा है।
मौसम के आंकड़ों के लिए मोबाइल एप का सहारा
जिले में इस समय भीषण गर्मी के अधिकृत आंकड़े नागरिकों और किसानों को उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। कृषि विज्ञान केंद्र में स्थापित मौसम विभाग की इकाई 1 अप्रैल से बंद पड़ी है, जिससे स्थानीय स्तर पर तापमान की आधिकारिक जानकारी नहीं मिल रही। जिला प्रशासन भी अब तक तापमान के अधिकृत आंकड़े जारी करने को लेकर सक्रिय नहीं दिखा। ऐसे में नागरिक मोबाइल के वेदर एप पर ही निर्भर हो गए हैं।
पेय पदार्थों और मटकों की मांग बढ़ी
मोबाइल वेदर एप के अनुसार आगामी दिनों में तापमान में 1 से 2 डिग्री तक की कमी आ सकती है। हालांकि फिलहाल गर्मी से राहत के कोई संकेत नहीं हैं। स्वास्थ्य विभाग ने लू से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की है। बढ़ती गर्मी के बीच लोग राहत पाने के लिए गन्ने का रस, ठंडाई, मौसमी फल और अन्य पेय पदार्थों का सहारा ले रहे हैं। वहीं देशी फ्रिज कहे जाने वाले मटकों की मांग भी तेजी से बढ़ गई है। शाम के समय बड़ी संख्या में लोग राजघाट स्थित नर्मदा बैकवाटर किनारे स्नान के लिए पहुंच रहे हैं।

